लैलूंगा 10.03.2025लैलूंगा थाना क्षेत्र में एक महिला के साथ हैवानियत की हद पार कर देने वाला मामला सामने आया है। आरोपी मनमोहन महंत (35 वर्ष) ने न केवल महिला के घर में घुसकर जबरदस्ती की, बल्कि अगले ही दिन उसे जंगल तक पीछा कर दोबारा शिकार बनाने पहुंच गया। पीड़िता की चीख और साहस ने जहां उसकी अस्मिता को बचाया, वहीं उसके पति की सूझबूझ ने दरिंदे को सलाखों के पीछे पहुंचा दिया।

पहली वारदात : 5 अप्रैल की रात लगभग 8 बजे, जब पीड़िता का पति काम पर था, मनमोहन महंत घर में घुस आया। उसने महिला का हाथ पकड़कर खींचतान की और जबरदस्ती करने की कोशिश की। महिला के शोर मचाने पर वह भाग खड़ा हुआ।
दूसरी शर्मनाक कोशिश : अगले ही दिन, 6 अप्रैल को जब पीड़िता जंगल में महुआ बीन रही थी, दरिंदा वहां भी जा धमका। उसने फिर से महिला का हाथ पकड़ लिया और छेड़छाड़ करने लगा। जब महिला के पति ने विरोध किया, तो आरोपी ने उनके साथ मारपीट की, जिससे मामला और भी संगीन हो गया।
परिजनों की शर्मनाक भूमिका : जब पीड़िता ने आरोपी के परिजनों से न्याय की गुहार लगाई, तो उसे ही गालियां और धमकियां मिलीं। यानी एक औरत की इज्जत को रौंदने की कोशिश करने वाले को उसके घर से ही संरक्षण मिला।
पुलिस ने दिखाई फुर्ती : मामले की गंभीरता को भांपते हुए लैलूंगा थाना प्रभारी निरीक्षक विजय चेलक ने एएसआई चंदन नेताम के साथ फौरन दबिश दी और मनमोहन महंत को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी पर छेड़छाड़, अनाधिकृत प्रवेश और मारपीट जैसी गंभीर धाराओं के तहत मामला दर्ज कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।
पुलिस का कहना है कि इस प्रकार की घिनौनी हरकतों पर कड़ा और तेज़ एक्शन ही एकमात्र जवाब है। आरोपी को सजा दिलाने के लिए हर कानूनी कदम उठाया जाएगा, ताकि पीड़िता को न्याय और समाज को सुरक्षा मिल सके।



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